आज के समय में जब हम छोटी से छोटी समस्याओं के लिए डॉक्टर्स के पास भागते है वही हम भूल जाते है की हमारे शरीर से जुडी हर छोटी से लेकर बड़ी बीमारी तक का इलाज हमारे आस पास ही मौजूद है | लेकिन जानकारी के अभाव में हमें इसके बारे में पता नहीं होता है | ऐसी ही एक जड़ी है अश्वगंधा | अश्वगंधा के फायदे (ashwagandha ke fayde) तो हमारे स्वास्थ्य के लिए अनेक है लेकिन अश्वगंधा क्या है ( ashwagandha kya hai ) और अश्वगंधा के सेवन का सही तरीका और समय ( ashwagandha ke sevan ka sahi tarika aur samay ) पता होना जरुरी है | और किन परिस्थियों में अश्वगंधा के नुकसान हो सकता है यह भी पता होना चाहिए | तो आइये जानते है इन सभी बातों को विस्तार से |

विषय सूची

अश्वगंधा क्या है? ( Ashwagandha kya hai?)

अश्वगंधा का अर्थ होता है अश्व यानि की घोड़े की गंध | इसका यह नाम इसलिए रखा गया है की इस जड़ी में से घोड़े के पसीने जैसी गंध आती है | अश्वगंधा बलबढ़ाने वाली , पोषण प्रदान करने वाली , वीर्य बढ़ाने वाली और सौन्दर्य को बढ़ाने में बहुत ही लाभकारी होती है |इसके अलावा भी अश्वगंधा का उपयोग अवसाद, तनाव को दूर करने के साथ ही हेल्थ टॉनिक के रूप में किया जाता है |

यह अश्वगंधा एक बहुत ही पोस्टिक जड़ी है इसमें एनाहिग्रीन , एनोफेरिन, ट्रायडोस्पिन, बीदोसामिन ट्रोपीन, सोम्निफ़ेरीन जैसे क्षारीय तत्व पाए जाते है | जो की शरीर में बल बढ़ाने वाले और रासायनिक गुण रखते है | साथ ही इसमें स्टार्च , शर्करा, अम्ल, ग्लाइकोसाइड और एमिनो एसिड पाए जाते है जिनसे की कई तरह के रोग दूर रहते है |

अश्वगंधा के सेवन का सही समय और तरीका।

इस अश्वगंधा खाने का सही समय है सोने से पहले गर्म दूध के साथ एक चम्मच अश्वगंधा पाउडर मिलाके पीना चाहिए। यदि आप के पास अश्वगंधा पाउडर नहीं है तो आप बाजार में उपलब्ध अश्वगंधा कैप्सूल(Ashwagandha capsules), अश्वगंधा चाय (Ashwagandha tea), या अश्वगंधा रस( Ashwagandha juice) का भी इस्तेमाल कर सकते है।

अश्वगंधा पोषक तत्व। Ashwagandha Nutrients in Hindi

अध्यन में पाया गया है की अश्वगंधा के पोषक तत्व हमारे लिए अच्छे होते है ।

पोषक तत्वमात्रा 100 ग्राम में
मॉइस्चर7.45%
ऐश (राख) 4.41g
प्रोटीन 3.9 g
फैट 0.3g 
क्रूड फाइबर32.3g
ऊर्जा 245 Kcal
कार्बोहाइड्रेट49.9 g
आयरन 3.3 mg
कैल्शियम 23 mg
कुल कैरोटीन75.7 µg
विटामिन-सी3.7 mg

अश्वगंधा के फायदे | Ashwagandha Benefits in Hindi

अश्वगंधा की जड़ को औषधि के रूप में उपयोग में लिया जाता है | अंदर से कठोर और सफ़ेद यह जड़ ऊपर से मटमैली होती है | इसकी गंध तेज होती है | और इसमें बड़ी मात्रा में पोषक तत्व होते है | इसके फायदे हमारे स्वास्थ्य के क्या है आइये जानते है |

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माइग्रेन में अश्वगंधा चूर्ण के फायदे | Ashwagandha Powder Benefits in Migraine in Hindi

अश्वगंधा चूर्ण के फायदे माइग्रेन के दर्द के इलाज (ashwagandha ke fayde migraine me ) में बहुत लाभकारी होते है| जिन लोगो को माइग्रेन यानि की सर में लगातार दर्द रहता है उन्हें अश्वगंध की ताजा जड़ को पत्थर पर घिसकर लेप बना ले और इस लेप को अपने मस्तिष्क पर लगाए | साथ ही एक – एक चम्मच अश्वगंध के चूर्ण को 1 कप दूध के साथ रोजाना सेवन करें | आपको कुछ ही दिनों में माइग्रेन के दर्द में लाभ मिलेगा|

अनिद्रा में अश्वगंधा चूर्ण के फायदे | Ashwagandha Powder Benefits in Hindi

जो लोग को नींद न आने के कारण यानि की इन्सोमेनिया की बीमारी से परेशान है | उन लोगो को रोजाना सोने से एक घंटे पहले 1 चम्मच अश्वगंधा के चूर्ण को 1 कप दूध के साथ लेना चाहिए | अश्वगंधा चूर्ण के फायदे अनिद्रा में (ashwagandha churna ke fayde anidra me) बहुत अधिक फायदेमंद होते है |

अश्वगंधा चूर्ण के उपयोग बवासीर में फायदेमंद है | Ashwagandha Uses in Hindi

आप को जानकर हैरानी होगी की, अश्वगंधा चूर्ण के उपयोग से बवासीर का घरेलू इलाज भी किया जाता है जो की काफी तेजी से राहत दिलाता है | अश्वगंधा चूर्ण की आधी चम्मच, काले तिल की 2 चम्मच मक्खन की 1 चम्मच सबको मिलाकर रोजाना सुबह खाई पेट 2 हफ्ते तक सेवन करनी चाहिए इससे बवासीर की समस्या में काफी लाभ मिलता है | और नियमित इस्तेमाल से बवासीर की समस्या पूरी तरह खत्म हो जाती है |

अश्वगंधा के फायदे

अश्वगंधा चूर्ण के फायदे शिघ्नप्तन,स्वप्नदोष में Shighnpatan aur Swapndosh me Ashwagandha ke Fayde in Hindi

आज के समय में बचपन में की गयी गलतिओ , शारीरिक निष्क्रियता और खानपान में पोषक तत्वों की कमी की वजह से पुरुषो में स्वप्नदोष, शिघ्नप्तन, नपुसंकता जैसी कई तरह की समस्या कम उम्र में ही सामने आने लगती है | ऐसे में अश्वगंधा चूर्ण के फायदे शिघ्नप्तन,स्वप्नदोष (ashwagandha churna ke fayde shignpatan or swapndosh me) जैसी बीमारियों में सबसे अधिक लाभकारी होते है | जिन लोगो को मरदाना कमजोरी , शिघ्नप्तन, स्वप्नदोष और इसी तरह की अन्य योन बीमारिया है उनके लिए अश्वगंधा बहुत ही फायदेमंद औषधि  है |

अश्वगंधा के फायदे यौन दुर्बलता दूर करने में | Ashwagandha Powder ke Fayde Yon Samsya me

यौन दुर्बलता दूर करने में अश्वगंधा के फायदे (ashwagandha khane ke fayde sexual problem me ) बहुत अधिक लाभकारी है | इस नुस्खे को बनाने के लिए हमे जरुरत होगी अश्वगंधा, विधारा, तालमखाना और सफ़ेद मूसली की | इसके लिए अश्वगंधा और विधारा की 50 – 50 ग्राम मात्रा ले | और तालमखाना और सफ़ेद मूसली 30 – 30 ग्राम मात्रा ले |अब इन्हे आपस में मिला ले |

अब इसमें 50 ग्राम मुलेठी और 50 ग्राम शतावर मिला कर उनका चूर्ण बना ले | अब इस मिश्रित चूर्ण की आधी मात्रा में मिश्री लेकर इसमें मिला ले | अब रोजाना एक चम्मच यह चूर्ण दूध और पानी के साथ सुबह और शाम सेवन करें | यह एक अचूक नुस्खा है और इससे आपकी योन दुर्बलता दूर  होती है , वीर्य में शुक्राणुओं की संख्या बढ़ती है | और आप बिस्तर पर अपने पार्टनर को खुश कर पाएंगे |

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शारीरिक दुर्बलता को दूर करने में अश्वगंधा के फायदे | Ashwagandha Benefit for Weakness in Hindi

अश्वगंधा के फायदे थकान और कमजोरी दूर करने के उपाय के रूप में भी (ashwagandha churna ke fayde thakan aur kamjori me ) बिलकुल परखे हुए है | इसके लिए अश्वगंधा सफ़ेद मूसली और विधारा को सामान मात्रा में ले, और इन्हे अच्छी तरह कूटकर छान ले |

इसके बाद इनके मिश्रण में बराबर की मात्रा में मिश्री मिला कर एयरटाइट शीशी में रख ले | अब इस मिश्रण की 1 चम्मच रोजाना सुबह और रात को दूध के साथ सेवन करे | अगर आप यह नुस्खा 3 महीने तक आजमाते है तो आप पाएंगे की आपके शरीर की कमजोरी दूर होगी और आपको एनर्जी मिलेगी |

अश्वगंधा कैप्सूल के लाभ वजन बढ़ाने में | Ashwagandha Benefits for Weight Gain in Hindi

जिन लोगो का वजन कम है उन्हें रोजाना अश्वगंधा चूर्ण से मोटापा कम करने के उपाय (ashwagandha ke labh motapa kam karne me ) के लिए एक चम्मच अश्वगंधा का गर्म दूध के साथ सेवन करना चाहिए | आप चाहे तो वजन बढ़ाने के तरीके के रूप में अश्वगंधा कैप्सूल भी दूध के साथ ले सकते है | इससे आपकी शरीर की दुर्बलता दूर होकर आपका शरीर तंदुरुस्त बनता है |

अश्वगंधा चूर्ण के फायदे सफ़ेद पानी की समस्या में |
Ashwagandha Benefits for Woman in Hindi

आज के समय में महिलाओं में सफ़ेद पानी की समस्या तेजी से बढ़ती जा रही है | अश्वगंधा चूर्ण के फायदे सफेद पानी की समस्या में (ashwagandha ke fayde safed pani ki samsya me ) बेहद लाभकारी है | इसके लिए अश्वगंध का चूर्ण और मिश्री की एक एक चम्मच मिलाकर एक कप गर्म दूध के साथ रोजाना सुबह शाम सेवन करना चाहिए | इससे सफ़ेद पानी की समस्या में तो फायदा मिलता ही है शरीर की कमजोरी भी दूर होती है |

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अश्वगंधा चूर्ण का उपयोग बांझपन दूर करने में | Ashwagandha Benefits in Infertility Treatment in Hindi

माँ बनने से बड़ा सुखद अहसास एक महिला के लिए और कुछ नहीं होता |  लेकिन कुछ समस्या के चलते कई महिलाएं माँ नहीं बन पाती | ऐसे में अश्वगंधा के सेवन से कई महिलाये बड़ी उम्र के बाद भी माँ बनने में सफल हो पायी है| अश्वगंधा चूर्ण का उपयोग बांझपन उपचार में (ashwagandha ka upyog banjhpan upchar me ) सबसे अधिक प्रभावकारी सिद्ध होता है |

इसके लिए अश्वगंधा चूर्ण की एक चम्मच को गाय के दूध के साथ रोजाना सेवन करने से शरीर में गर्भधारण करने की क्षमता पैदा होती है | इसके अल्वा एक और नुस्खा है उसके लिए आपको एक चम्मच अश्वगंध पावडर को दो कप पानी में मंद मंद आंच पर उबालकर पीरियड के समय एक  बार पिने से संतान उत्पन्न होने की संभावना बढ़ जाती है |

अश्वगंधा के फायदे कैंसर दूर करने में | Ashwagandha Benefits for Canser in Hindi

अश्वगंधा एक करामाती आयुर्वेदिक औषधि है और इससे कई तरह के रोगो को दूर किया जा सकता है | यह बात अब डॉक्टर भी मानने लगे है | अश्वगंधा पर की गयी रिसर्च में यह बात सामने आयी है की यह कैंसर दूर करने में अश्वगंधा के फायदे (canser dur karane me ashvagandha ke fayde)बहुत ही लाभकारी है |

इसके उपयोग और सेवन से कैंसर को भी ठीक किया जा सकता है | अश्वगंधा में एंटी ट्यूमर गुण होते है जो की कैंसर की कोशिकाओं को बढ़ने से रोकते है और कैंसर को ठीक करने में लाभकारी होते है |

अश्वगंधा के फायदे

डाइबिटीज में लाभकारी है अश्वगंधा | Ashwagandha Benefits for Diabetes in Hindi

आज के समय में लोगो का रुझान पारम्परिक चिकित्सा की और गया है | क्युकी यह चिकित्सा एक तो कम खर्चीली होती है और इससे किसी भी बीमारी को पूरी तरह ठीक किया जा सकता है | अश्वगंधा के फायदे डाइबिटीज में (ashvagandha ke fayade diabetes me) अत्यंत लाभकारी है |

अश्वगंधा को लेकर चूहों पर एक शोध किया गया था | जिसमे जिन चूहों को अश्वगंधा की जड़ी और पत्ते दिए गए उनमे डाइबिटीज की समस्या तेजी से दूर होने लगी और सकारात्मक परिवर्तन दिखाई देने लगे | इससे यह निष्कर्ष निकाला गया की अश्वगंधा डाइबिटीज में भी लाभकारी है |

हृदय रोग में लाभकारी है अश्वगंधा | Ashvgandha Benefits for Heart in Hindi

अश्वगंधा ना सिर्फ आपको कई तरह की बीमारियों को ठीक करने में लाभकारी है, साथ ही यह आपके हृदय को स्वस्थ रखकर आपकी उम्र को भी बढ़ाता है | हाल ही में ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंस ने अश्वगंधा पर एक स्टडी की जिसमे उन्होंने बताया की अश्वगंधा की एक निर्धारित और संतुलित मात्रा लेने से हार्ट के जरुरी सेल्स को नस्ट होने के असर को कम किया जा सकता है|

साथ ही अश्वगंधा ह्रदय के स्वस्थ और मजबूत सेल्स को फिर से क्रियाशील करती है | अब आप जान गए होंगे की अश्वगंधा के फायदे हार्ट के लिए (ashvagandha ke fyade haart ke lie) कितने अधिक है | इसलिए इसका नियमित सेवन शुरू कर दें |

अश्वगंधा के फायदे बुढ़ापे के प्रभावों को रोकने में | Ashwagandha Benefits for Anti Ageing in Hindi

गलत खानपान के कारण आजकल समय से पहले बुढ़ापे के प्रभाव दिखने लगते है | ऐसे में अश्वगंधा का सेवन बुढ़ापे से बचाता है | अश्वगंधा में भरपूर मात्रा में पोषक तत्व पाए जाते है | जो की शरीर की कोशिकाओं को क्षरण से बचाते है | बुढ़ापे से बचने के लिए अश्वगंधा के सेवन के साथ ही अश्वगंधा तेल की मालिश करनी चाहिए | इससे शरीर भी बलवान बनता है |

गठिया में अश्वगंधा के लाभ | Ashwagandha ke Fayde Arthritis in Hindi

बढ़ती उम्र के साथ गठिया की परेशानी होना एक आम बीमारी है | गठिया रोगियों के लिए अश्वगंधा का एक बहुत ही लाभकारी नुस्खा है | इसके लिए 200 ग्राम साबुत अश्वगंधा को 1 गिलास दूध में अच्छे से उबाल लें | उबालने के बाद इसे साफ़ कर लें |

अब इसे पीसकर इसका चूर्ण बना लें और किसी कांच के बर्तन में रख लें | रोजाना गर्म दूध के साथ इसका सेवन करें | इससे शरीर के किसी भी तरह के दर्द से मुक्ति मिलती है | लेकिन इस नुस्खे को लेते वक्त तेल खटाई की चीजों का सेवन ना करें |

मेमोरी बढाती है अश्वगंधा | Ashwagandha Beneficial for Increase Memory in Hindi

मेमोरी बढ़ाने में भी अश्वगंधा को बहुत ही लाभकारी माना जाता है | इसके लिए अश्वगंधा और ब्राह्मी की एक एक चम्मच को 2 चम्मच शहद के साथ मिलाकर इसका सेवन करें | इसके अलावा मुलेठी, शंखपुष्पी, ब्राह्मी, और अश्वगंधा को समान मात्रा में मिलाकर रख लें | और रोजाना आधा चम्मच शहद के साथ इसका सेवन करें |

FAQ – अश्वगंधा से सबंधित कुछ जरुरी सवाल और उनके जवाब |

Q.  How to use Ashwagandha in Hindi?
Answer.  परंपरागत रूप से, अश्वगंधा को अनिद्रा की समस्या से छुटकारा पाने और चक्रो को नियंत्रित करने के लिए शहद, घी और गर्म दूध के साथ में उपयोग किया जाता था। आप को सोने से पहले गर्म दूध के साथ एक चम्मच अश्वगंधा पाउडर मिलाके पीना चाहिए। यदि आप के पास अश्वगंधा पाउडर नहीं है तो आप बाजार में उपलब्ध अश्वगंधा कैप्सूल, अश्वगंधा चाय या अश्वगंधा रस (Ashwagandha capsules, Ashwagandha tea, or Ashwagandha juice) का भी इस्तेमाल कर सकते है। लेकिन आपको इस का इस्तेमाल करने से पहले डॉक्टर से सलाह ले लेनी चाहिए।    

Q.  क्या अश्वगंधा को लेना सुरखित है?
Answer. अश्वगंधा ज्यादातर लोगों के लिए सुरक्षित माना जाता है। हालांकि, गर्भवती या स्तनपान कराने वाली महिलाओं, साथ ही ऑटोइम्यून बीमारियों (Autoimmune Diseases) वाले लोगों, जैसे कि ल्यूपस, रुमेटीइड गठिया(rheumatoid arthritis), टाइप 1 मधुमेह(Typ 1 Diabetes) और हाशिमोटो की बीमारी(Hashimoto’s disease) से बचने की आवश्यकता हो सकती है।

Q. वजन कम करने के लिए अश्वगंधा का सेवन कैसे करें ?
Answer. वजन कम करने के लिए अश्वगंधा कैप्सूल के रूप में भी उपलब्ध है, सूखे अश्वगंधा के पत्तों से बने पाउडर के रूप में इसका सेवन करना अधिक प्रभावी है।

Q. अश्वगंधा कब लेना चाहिए?
Answer. अश्वगंधा एक आयर्वेदिक दवा है। इसे डॉक्टर की सलाह से ही लेना चाहिए।

Q. अश्वगंधा कहाँ पाया जाता है?
Answer. अश्वगंधा जंगलो में पाया जाता था। पर इसे के गुणों के कारण इसकी खेती होने लगी।

Q. अश्वगंधा शरीर के लिए क्या करता है?
Answer. अश्वगंधा आपका शरीर ताकत देता है और मस्तिष्क को चिंता रहित रखता है।

Q. क्या अश्वगंधा महिलाओं के लिए अच्छा है?
Answer. नहीं, अश्वगंधा महिलाओं के लिए अच्छा नहीं है।

Q. क्या अश्वगंधा लीवर के लिए अच्छा है?
Answer. अश्वगंधा लीवर क्षति की रोकथाम और उपचार के लिए अच्छा है। 

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